छत्तीसगढ़। सरगुजा संसदीय क्षेत्र में डॉ एवं एस उदय ने अपने पार्टी पदाधिकारियों के साथ चुनावी दौरा तेज कर दिया है। इस अवसर पर प्रत्याशी डॉ उदय सिंह ने कहा आजादी के 75 सालों के बाद भी आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र सरगुजा जहां के मूलनिवासी आदिवासी समुदाय विकास के नाम पर क्या मिला ? बेट बेगारी जिल्लत अपमान यही कि गरीब आदिवासी समुदाय को शराब पीने का छुट शिक्षा की समानता देने छाती फटने क्यों लगा ? वहीं 18 वर्षो की गोंडवाना का इतिहास आखिर क्यों दबाया गया।
आज आदिवासियों की अशिक्षा ही भाजपा और कांग्रेस के लिए सबसे बड़ी ताकत बन गया है। और यहां के मूल निवासी समाज को आज बिकाऊ समाज बना दिया गया है। वहीं अपने सांस्कृतिक जमीर से कटते जा रहें हैं। आज गोंडवाना का इतिहास को सही मायने में जानते तो दिल्ली की सल्तनत पर राज होता। हमारे साथ अन्याय हुआ हुआ है इसलिए गोंडवाना को सता में लाना होगा। आज 20 करोड़ से अधिक जन संख्या वाले गोंड आदिवासी सामाज का मातृ भाषा संविधान के 8वी अनुसूची में दर्ज नहीं किया गया। जिस पर हमें आक्रोश है।